बीएफ सेक्स इंग्लिश सेक्स

छवि स्रोत,হিন্দি ফিল্ম ব্লু সেক্সি

तस्वीर का शीर्षक ,

बीएफ फोटो में: बीएफ सेक्स इंग्लिश सेक्स, तुम दोनों को मेरी बात माननी होगी, क्योंकि तुम्हारा पति होने के कारण मैं इस घर का मुखिया हूँ.

সেক্স ভিডিও সেক্স সেক্স ভিডিও সেক্স

उसकी इस अदा से मैं तो घायल ही हो गया। चारू आज मुझे हुस्न की मलिका दिखाई दे रही थी. बीएफ हिंदी वीडियो सेक्सी बीएफमैं तो जैसे अंदर तक तृप्त हो गया उनकी चूत का रस पीकर।अब रस पिलाने की बारी मेरी थी.

मैं- आंटी गांड में लंड लेने में सबसे ज्यादा मजा आता है … अगर आप कहें, तो मैं आपकी गांड मार दूं. बीएफ तमिलनाडुवो सर्दियों की छुट्टियों में आई हुई थी और मैं तो बहुत खुश था उसको देखकर.

अब हम दोनों दोस्त, जो रिश्ते में बाप बेटे बन गए थे, हैवानों की तरह मम्मी पर चढ़ गए.बीएफ सेक्स इंग्लिश सेक्स: पीते हुए उसको हल्का सा शक हो गया तो मैंने कहा कि तुमने बहुत दिनों के बाद पी है इसलिए ऐसा टेस्ट आ रहा है.

इसके बाद प्रशान्त ने अपना लंड मम्मी की चूत में रखा और झटके से अन्दर डाल दिया.दूसरे दिन मम्मी पापा के जाने के बाद मैं सीधा उन दोनों के रूम में गया.

ब्लू पिक्चर चोदा चोदी वाला वीडियो - बीएफ सेक्स इंग्लिश सेक्स

फिर भाभी ने मुझे यह भी बताया- मेरे पति सेक्स में उतने अच्छे नहीं हैं.इसी के साथ मैंने अपने हथियार को चुत के दरवाजे पर रख कर हल्का सा धक्का दे दिया, जिससे मेरे लंड का सुपारा उसकी चुत को होंठों को चीरते हुए थोड़ा सा अन्दर घुस गया, जिससे मेरी दी ने आह की आवाज निकली.

जो मुझे चोद चुके थे, वे भी जब मन होता मुझे बुला लेते और मुझे खूब चोदते हैं. बीएफ सेक्स इंग्लिश सेक्स धीरे धीरे वह भी मजे की समंदर में गोते लगाने लगी, उसकी सिसकारियां तेज़ होने लगी.

धीरे धीरे अब मैंने लंड घुसाने की तैयारी शुरू कर दी और हल्के धक्के देने लगा.

बीएफ सेक्स इंग्लिश सेक्स?

इधर ज़ोहरा अपने शौहर रफ़ीक़ से फोन पर बात करने के बाद छत पर पानी की टंकी के पीछे बैठी बीती रात की फ़रिश्ते चुदाई के बारे में सोच रही थी. दोस्तो, ये मेरी पहली कहानी है जो मैं अन्तर्वासना की अनेकों कहानियां पढ़ने के बाद लिख रहा हूं. फिर धीरे धीरे मैंने उनकी ब्रा पैंटी भी निकाल खोल दी और मैम पूरी नंगी हो गईं.

तभी बातों ही बातों में मैंने भाभी से कहा- आप दोनों की जोड़ी बहुत अच्छी लगती है … तभी आप दोनों ख़ुश रहते हो. माँ को लिटाया मैंने, उनकी टांगें फैलायी और उनकी चूत में मुंह डाल कर चूसने लगा. मैंने बोला- क्या?उसने कहा- मैं स्पोर्ट्स में था और जो एक बार झगड़ा कर लेता है, उसको स्पोर्ट्स से निकाल देते हैं, मुझे दोबारा स्पोर्ट्स में करवा दो … प्लीज़ मम्मी … आप अंकल से कॉल करवा दो न.

चुदाई करते करते ननदोई जी मेरी चूचियों को खूब मसल रहे थे … कभी मेरे उरोजों के चूचुकों को अपने लबों में दबा दबाकर चूस रहे थे. इतना बोल कर मम्मी सागर के गले लग गयी और सागर ने भी उनके अपने से चिपका लिया. न जाने कब से चुत चुसवाने का सपना पाले हुए थी आज इच्छा पूरी हुई है … आह मेरी जान चूस लो.

ऐसा ही उनके साथ हुआ … उसकी पत्नी जिसको मैं शादी से पहले दीदी दीदी कहता था लेकिन उसकी ख़ूबसूरत जवानी पे फिदा भी था. कुछ देर तक तो वो उसकी चूचियों को दबाती रही फिर उसने शिल्पी की नाइटी उसकी जांघों तक उठा दी.

तो मैंने उसे ओ के कहा और कॉल को काट दिया।रात को सोते समय ये ही बात मैंने अपनी बचपन की सहेली शनाया को बताई तो उसने कहा- देख ईशानी, ये लड़का मुझे लंबी रेस का घोड़ा लग रहा है.

फिर उसने हाथ को मेरे शॉर्ट्स के अंदर डाल लिया और अंडरवियर के ऊपर से ही लंड को सहलाने लगी.

वो चुदाई का भरपूर मजा लेते हुए अलग अलग किस्म की आवाजें निकाल रही थी- अह्ह ऊऊऊ ऊउईई आईईई आह … मेरी जन्मों की प्यास मिटा दी तुमने … आंह … कितना अन्दर तक जा रहा है … मेरी चुत की धज्जियां उड़ा दे … आंह!थोड़ी देर बाद उसने अपनी स्पीड ओर तेज कर दी. मेरी उम्र 21 साल है और मैं हष्ट पुष्ट दिखने वाला एक आकर्षक युवक हूं. मगर बात ने तब मोड़ ले लिया जब मेरे पहुंचने की खबर मेरे एक अन्य दोस्त को भी लग गयी.

इससे शकील का मूड फिर से बन गया और उसने देर ना करते हुए अम्मी को घुटनों के बल बैठाकर अपना लंड अम्मी के गले में उतार दिया. मैं उसके पास गया और उससे पूछा- दिन में तुम वो क्या कर रही थीं?वो डरते हुए बोली- भैया आज मुझे माफ कर दो. मेरे पति या किसी और को कोई शक भी नहीं हुआ क्योंकि जब मैं ननद के घर गयी थी तो अपने पति का नाम करने के लिए उस्ससे बहुत बार चुदकर आई थी.

चाचा जी ने मेरे मुँह से मेरी पैंटी निकाली और अपना लंड मेरे मुँह में डाल कर चुसवाने लगे.

ये सब बातें मेरी सास चुपके से देख सुन रही थी। यह बात उन्होंने मुझे बाद में बताई थी।मैं बहुत मायूस हो गया, सोचा कि ये तो खडे लंड पे धोखा हो गया। मैं गुस्सा होकर वापिस अपने कमरे में आ गया और हाथ से अपना लंड हिलाने लगा. टी वी चालू करके मामी की सोफे पर बैठ कर पिक्चर देखने लगी।टीवी देखते देखते मामी धीरे धीरे सागर के तरफ खिसकती गयी और फिर एकदम उसके नंगे बदन से चिपक गयी. इसका मतलब यह लेडी सेक्स के लिए मुझे जिगोलो समझकर आज रात के लिए यहां अपने घर पर लाई है.

बाहर से मेरे शौहर की आवाज आई- डेजी अंदर हो क्या?मैं दरवाजा खोलने को हुई तो नीरज ने हाथ पकड़ लिया और इशारा करने लगा कि दरवाजा न खोलूं. धीरे धीरे मेरी भी गति बढ़ने लगी और मैं ज़ोर ज़ोर से धक्का लगाने लगा. फिर उन्होंने मुझे अपनी मेज पर सीधे लिटा दिया और मेरी पेंटी को उतार कर मेरे चूत को चाटने लगे.

दुल्हन के घर के पास तो और जोश के साथ नाचा जाता है क्योंकि भाई की सारी कमसिन सालियां तो वहीं मिलेंगी न.

ताज्जुब की बात यह है कि उन दीदी को भी मेरे उस कमरे में होते हुए नंगी होने में जरा भी संकोच नहीं आ रहा था. उसके बाद मैंने उसकी ब्रा और पैंटी दोनों को उतार कर उसके बदन से अलग कर दिया.

बीएफ सेक्स इंग्लिश सेक्स तो मैंने कहा- बस थोड़ी देर … और फिर ये दर्द भी खत्म हो जाएगा।कुछ देर बाद ज्योति से मैंने पूछा- तेरी गांड का दर्द कम हुआ?तो उसने हाँ कहा. खाना खाने के बाद मैं छत पर सोने के बहाना बना कर चला गया और गुड़िया को आने का इशारा किया.

बीएफ सेक्स इंग्लिश सेक्स साथ ही मैंने अपने हाथ वापस से उसके मम्मों पर रख दिया और उन्हें सहलाने लगा. और एक दिन उसने मुझे बताया कि मैं बाप बनने बाला हूं और वो बहुत खुश है.

हम सब काफी देर तक अपने बिस्तर पर बैठ कर बातें करते रहे। शादी में काफी महिलाएं भी आईं थी मगर मैं किसी को जानता ही नहीं था।मैं बस अपने मामा के बच्चों के साथ ही लगा रहता था लेकिन वो भी ज्यादा देर तक साथ नहीं रह पाते थे.

बीएफ सेक्सी खतरनाक

तब तक मम्मी भी बाजार से आ गयी थी और घर का सारा काम करने के बाद सोने चली गयी थी।इधर भाभी की लड़की भी मेरे पास खेलते-खेलते मेरे बेड पर ही सो गयी थी. अब मैंने बिना टाइम खराब करे अपने दोनों हाथ उसकी सलवार के अन्दर डाल दिए. शकील ने आंटी के बारे में पूछा- मामीजान, यह कौन थी?अम्मी ने कहा- वह मेरी बहन जैसी सहेली है, बड़ी दुखी है.

उसको ब्रा पैंटी में देखते ही मेरे छक्के छूट गए … क्योंकि आज से पहले मैंने कभी उस जैसी लड़की नहीं देखी थी. चुदाई से फ्री हुई तो उसने एक सिगरेट पीते हुए मुझे देखा और कहा- बड़ी मस्त माल हो. मेरा भी पानी निकलने वाला था और मैंने उसकी चूत में ही पानी छोड़ दिया.

मगर दस मिनट के बाद ही चाची ने फिर से मेरे लंड को मुंह में लेकर चूसना शुरू कर दिया.

अब मुझे याद आया कि कल ही मेरे मोबाइल में मैंने सिम चेंज कर ली थी और रिंकी को नम्बर नहीं दिया था. आज सत्यम के ऊपर चार औरतें सवार हो ली थीं और वो भी हम सबके मज़े ले रहा था. एक मिनट के अन्दर हम एक दूसरे को एन्जॉय करने लगे थे और मुझे भी काफी मज़ा आ रहा था.

वो बोल रही थी- मुझे नहीं चुदवाना … मेरी चूत फट गई बहनचोद अब तू छोड़ दे!मैंने उसकी एक न सुनी और अपने लंड को आगे पीछे करने लगा. मैंने दीदी की चूत पर होंठों से चूमा और उसकी चूत की खुशबू मुझे आने लगी. ज़ोहरा की गांड के दवाब से मेरा लंड खड़ा होकर आपा की गांड की दरार में सेट हो गया.

ये सुनकर मैंने भी भाभी को बहुत कसकर पकड़ लिया और उनके चेहरे, होंठ, गर्दन को चूमना शुरू कर दिया. मैं अकेला रह गया था क्योंकि मुझे पेपर के बाद किसी काम से कुछ दिन रूम पर ही रुकना पड़ा।एक दिन मेरे पापा का मुझे फोन आया तो उन्होंने मुझसे कहा कि मुझे पहले ही दिल्ली आ जाना चाहिए था.

मुझे चुदाई के लिए ननदोई जी के लन्ड की याद आती रही।अब आगे मैंने कैसे अपनी चुदाई कार्रवाई अगले भाग में जरूर पढ़िए. कभी मैं उनके पेट को टच करता, तो कभी ब्रेक लगा कर पीठ पर किस कर देता. पीछे से उसकी चूत में लंड को घुसाया और एक बार से उसकी चूत को चोदने लगा.

मैं रुक गया और उससे पूछा- कैसा लग रहा है?वो दर्द से कराह रही थी- आह भैया बहुत दर्द हो रहा है.

मैं एक सामाजिक कार्यकर्ता हूं। एक अधिकारी के माध्यम से मेरी पहचान बैंक की असिस्टेंट मैनेजर से हुई. मैं चुपचाप पड़ा रहा और वो भी मस्ती से सोती रही। उसकी गर्म सांसें मुझे मदहोश कर रही थी और उनकी ब्लाउज वाली मोटी छाती करीब से धड़कती हुई दिख रही थी।उनकी चूची 38 या उससे भी ज्यादा की होंगी शायद ऐसा लग रहा था। मैं तो उनकी इस तरह नजदीकी से पिघल गया और मेरा लंड खड़ा हो गया. मैंने मौके का फायदा उठाते हुए उसको अपनी ओर खींचा और उसके होंठों को किस करना शुरू कर दिया.

मैं थोड़ा गुससे और थोड़ी हंसी के साथ बोला- शनाज़ … ज़ोहरा आपा को लेकर इतना गलत मज़ाक ना करो … ज़ोहरा आपा मेरी बड़ी बहन हैं. चाची भी मस्त होकर चुदी और मैं एक बार फिर से चाची की चूत में ही झड़ा.

भाभी रोज सुबह एक्सरसाइज करती थीं और जॉगिंग पर जाती थीं, इसकी वजह से भाभी की कमर पतली और गांड मोटी बन गई थी. इस चुदाई कहानी में मेरी अम्मी की गैर मर्दों के साथ चुदाई का नजारा है. उनके चेहरे पर आई हुई मुस्कराहट से और हाव-भाव से मैं समझ गया था कि वो मेरे इरादा समझ गई थीं.

सेक्स बीएफ सेक्सी सेक्सी बीएफ

वो बोली- क्यों … क्या तुम मुझसे बात नहीं कर सकते हो?मैं बोला- हां कर सकता हूँ … पर हम क्या बात करेंगे.

मैंने फिर से उसकी रस से भरी गन्दी कच्छी उसके मुँह में डाल दी … ताकि चीखने की आवाज ज्यादा जोर से नहीं आए. मैंने कहा- चार साल से चुदवा रही हो और चिल्ला ऐसे रही हो, जैसे पहली बार चुदवा रही हो. ब्लाउज उसने पहले ही ऊपर सरका रखा था।रेड रोज कलर की ब्रा में उसके बूब्स बड़ी मुश्किल से समाये हुए थे जो अब उसकी तेज चल रही सांसों के साथ ही और भी उफान मारकर बाहर निकलने के लिए बेताब हुए जा रहे थे।मैं तो ज्योति भाभी के पेट और नाभि को चूमे ही जा रहा था और एक हाथ उसकी साड़ी के अन्दर ही डालकर चड्डी के ऊपर से ही चूत को सहलाने लगा था.

मैं नींद में था तो रोज की आदत की तरह मैंने उसे अपनी पत्नी का हाथ समझ कर पकड़ लिया और साथ ही मेरी आंख खुल गयी। अपने हाथ में मीनाक्षी का हाथ देख मैं तो डर ही गया कि भाभी मुझे गलत समझ कर मेरी मम्मी से मेरी शिकायत करेगी लेकिन वो तो मुझे देख कर मुस्कुरा दी।मेरी पत्नी सुषमा को मायके गए हुए अभी तीन दिन ही हुए थे और चुदाई के बिना मेरा हाल खराब था. मेरा मतलब मैं मैम के मम्मों और उठे हुए चूतड़ों को ही देखे जा रहा था. ब्लु फिल्म हिंदी ब्लु फिल्म हिंदीशकील ने कहा- मामी ने तुम्हारी सारी बात बताई, तुम तैयार क्यों नहीं हो?सुनीता ने कहा- मैं ऐसा नहीं कर सकती.

मैंने उसकी पैंट खोलनी शुरू की तो उसने हाथ पकड़ा लेकिन मैं झटक दिया. मैं फिर निकलने ही वाला था कि नीता की आवाज सुनाई दी- शिल्पी, मैं नहाने जा रही हूं.

ऐसे कहते हुए अमित जी मेरे कंधों पे पीछे से हाथ से सहलाने लगे।उनके स्पर्श से जैसे मेरे हाथों से पसीना आने लगा और गला भी सूखने लगा. फिर भी इसके बाद हम मौका पाते ही चुदाई का प्रोग्राम मिस नहीं करते थे. तो परीक्षा से दो दिन पूर्व ही मैं अपनी बीवी को अपनी ससुराल छोड़ने के लिए गया.

फिर मैंने उससे कहा- सोनी, मुझे 11 बजे जाना है और मैं 5 बजे तक आ जाऊंगा, तुम यहीं रहना और कुछ चाहिए हो तो फोन करके मंगा लेना. जब मेरी नजर उस पर पड़ी तो मुझे उसकी चूचियां साफ साफ दिखाई दे रही थीं. वह यह है कि इंसान में सेक्स की शुरुआत किस उम्र से हो जाती है यानि कि सेक्स क्रिया, कामक्रीड़ा से पहला परिचय कब होता है.

ऐसे ही शादी भी सिमट गई और मैं और रिंकी धीरे धीरे अच्छे दोस्त भी बन गए.

मैं सामान रखने जब घर के अन्दर गया, तो मैंने देखा कि भाभी साड़ी में बड़ी हॉट लग रही थीं. जब उसका पानी निकलने लगा और वह मेरे सर को अपनी जांघों पर दबाने लगी और चूत में लंड डलवाने के लिए तड़पने लगी.

वो साइड में होती हुई मुझे देखने लगीं और उन्होंने एक गिलास में पानी दे दिया. मैंने उससे बोल दिया कि मैं तुमसे प्यार करता हूँ और तुम्हें बहुत पसंद करता हूँ. अब तो जैसे में दर्द से पागल होने लगा और उमेश सर से बहुत छुड़ाने की कोशिश करने लगा था.

ये कामुक कहानी कॉलेज के दिनों की है, तब मेरी नई नई गर्लफ्रेंड बनी थी. फिर एक दिन संडे को मैंने ग्रुप सेक्स (सामूहिक चुदाई) का प्रोग्राम रखा. उन्होंने अम्मी को किस करते हुए एक हाथ से अम्मी की सलवार का नाड़ा खोल दिया और एक हाथ अम्मी की सलवार के अन्दर डाल दिया ताकि उनके टाइट चूतड़ों का मजा लिया जा सके.

बीएफ सेक्स इंग्लिश सेक्स पता करने पर पता कि वो साइंस वाले सर के साथ ऊपर लैब में गयी हैंइस पर मॉनिटर ने मुझसे कहा कि तुम वहां जाकर मैडम को बुला लाओ. मैंने भी उसे अपनी बांहों में उठाते हुए बेड पर लिटा दिया और उसके ऊपर चढ़ गया.

ट्रेन और बस में सेक्स बीएफ

दो मिनट बाद उसने फिर से मुझे नीचे गिरा लिया और दोबारा से अपने लंड और मेरी गांड पर थूक लगा दिया. मैंने भी उसकी बात सुनकर एक जोर का झटका दे दिया और लन्ड का सुपारा की मेरी गर्लफ्रेंड चूत को फाड़ता हुआ लगभग 2 इंच तक घुस गया. उन्होंने ने कहा- मेरा आने वाला है कहां निकालूँ?मैंने कहा- जीजा जी, मेरे अंदर ही निकालो.

आकांक्षा- तेरे जाने से पहले में भी मैडम को बुलाने ऊपर गयी थी और वहां मैडम की आवाज़ सुनकर रुक गयी थी कि तभी किसी के आने की आवाज़ आई, तो मैं बराबर वाले टॉयलेट में चली गयी और वहीं बैठी रही. कॉलेज से रूम पर जाने के बाद मैंने रात तो उस लड़की को कॉल करने का सोचा. बहु ससुर की सेक्स वीडियोकुछ ही देर में मैंने सुमन भाभी की गांड को चुदाई के लिए तैयार कर लिया.

हमारा मिलना भी कम हो गया था लेकिन वो समय भी जल्द ही आ गया जब हम दोबारा मिले।उस दिन सुबह दस बजे के करीब उसका फ़ोन आया- चलो न घूमने चलते हैं?मैंने कहा- ठीक है।मैं झट से तैयार हुआ और निकल गया घर से उससे मिलने के लिए।हम मार्किट में घूमे, शॉपिंग की, खाया-पीया और मस्ती-मजा कर रहे थे कि तभी उसका फ़ोन बज उठा.

यह मेरी लिखी हुई पहली चोदन कहानी है और यह मेरे जिन्दगी की सत्य घटना है. वह भी मेरी कोली भरकर मुझे जमकर चोद रहा था और इसी पोज में मेरी चूत ने अपना पानी छोड़ दिया.

गर्म गर्म माल मेरे अंदर जाकर लग रहा था, मुझे महसूस हो रहा था उसका वीर्य, उसका पानी!फिर वह हट गया. हम दोनों साथ में ही उसके बच्चों को लेने गए थे और वहां से हम दोनों अलग हो गए. जैसे तैसे मैंने 7 महीने काटे और सोचती रही कि जब दोबारा आएंगे तो मेरी चुदाई करेंगे।लेकिन जब वो वापस आये तो मेरी बिल्कुल चुदाई नहीं हो पाई.

फिर दोबारा किसी दिन मिलेंगे।यह कहकर मैंने चारू की ओर देखा और थैंक्स कहते हुए उसको आंखों से ही दोबारा मिलने का इशारा भी दे दिया.

उनके चेहरे पर आई हुई मुस्कराहट से और हाव-भाव से मैं समझ गया था कि वो मेरे इरादा समझ गई थीं. फिर 5-7 मिनट की चुदाई के बाद वो एकदम से धीमे पड़ते चले गये और मेरी पीठ पर ढेर होकर हांफने लगे. मैं एक घंटे ही सो पाई होऊंगी कि तभी मुझे लगा कि कोई मेरी चूत चाट रहा है.

नंगी नंगी पिक्चर नंगीअब मैंने उसको कुतिया की तरह दोनों हाथ और पैरों पर टॉयलेट तक चलने को कहा. बीच बीच में मैं भाभी की गांड के दो भाग में से एक ऊपर ओर एक नीचे करके जोर से हिला देता था और गांड के अन्दर उंगली कर देता.

एक्स एक्स बीएफ दिखाएं हिंदी में

उनका जोश बढ़ता जा रहा था और चाचा का लौड़ा मेरी गांड की चटनी बनाने में लगा हुआ था. इतना सब होने के बावजूद भी आपा कुछ नहीं बोली तो मैं भी अब जानबूझकर अपने लंड को आपा की गांड में दबाने लगा. ऐसे कहते हुए अमित जी मेरे कंधों पे पीछे से हाथ से सहलाने लगे।उनके स्पर्श से जैसे मेरे हाथों से पसीना आने लगा और गला भी सूखने लगा.

इससे खुशबू की वासना भी जाग गई और कहने लगी- मैं जानती थी कि तेरा मन मचल रहा है … और तू नहीं मानेगा … पर आज!मैंने उसकी तरफ वासना से देख कर कहा- पर आज … क्या कहना चाह रही है … पूरा बोल न!खुशबू- आज तेरा लंड देखकर मुझे भी मजा आ गया. तो माँ ने हंस कर कहा- ठीक है।माँ के मुंह से लण्ड चुसवाते मैं झड़ने वाला था और पापा भी।पूर्वी पलंग से नीचे घुटनों के बल बैठ गयी तो मैंने कहा- माँ आप भी आ जाइये न!तो माँ भी वहीं पूर्वी के बाजू में घुटनों के बल बैठ गयी. अगले दिन जब मां दोपहर का खाना बनाने घर गई तो मौसी ने मुझे मुझे पास बुलाया और बोली- आयुष, तू कल रात कम्बल लेकर आया था?मैं- हां मौसी, मैं ही आया था.

फिर मुझे भी मज़ा आने लग गया। मैं भी उसका साथ देने लग गई। वो कभी मेरे बूब्स चूसता तो कभी होंठ।लगभग 15 मिनट बाद हम दोनों एक साथ ही झड़ गए।फिर जयपुर पहुँच कर हमने एक होटल में कमरा लिया. फिर आंटी ने टांगें हवा में उठाते हुए कहा- आंह … पूरा लंड अन्दर डाल दे … और मेरी चुत में जरा जोर जोर से धक्के मारो. आपको ये सेक्सी फैमिली हिंदी स्टोरी कैसी लगी इसके बारे में जरूर लिखें.

वो दो दिन तक वापिस नहीं आने वाले! तो तुम आ जाओगे ना?मैं बोला- नेकी और पूछ पूछ? ऐसा नहीं हो सकता कि मैं ना आऊँ. मेरे मामू जी ने मेरा और उल्फ़त का एडमिशन एक डिग्री कॉलेज में करा दिया था और आइला और ज़ाफिरा का एडमिशन इंटर कॉलेज में करा दिया.

कुछ पल बाद भाभी बोली- कहाँ से सीखा ये सब तुमने?मैंने बताया- सब पॉर्न विडियो देख कर सीखा!तो भाभी बोली- तुम बहुत भोले हो, सब कुछ कर देते हो.

वो हर वक्त सेक्स के लिए तैयार रहने वाली लड़़की थी इसलिए मुझे उसके साथ बहुत मजा आता था. एक्स एक्स मूवी सेक्सी वीडियोमेरे लंड को एक छेद चाहिए था जो मुझे चाची की चूत के रूप में दिखाई दे रहा था. देवर भाभी की बीएफ एचडी मेंकुछ मिनट बाद उसको भी मज़ा आने लगा और वह अपनी गांड उठा उठा कर चुदवाने लगी. मैं एक सामाजिक संगठन का सदस्य हूँ और हिमाचल के मंडी जिले में रहता हूँ। मेरी उम्र 28 साल है। बॉडी फिट है और लंड का साइज़ भी काफी मोटा है।यह कहानी मेरी और कँगना की है.

इसके बाद सर ने मुझे अपना मोबाइल नंबर दिया और जिधर उनका घर था उस इलाके का पता देते हुए कहा कि मेरे घर के पास आकर मुझे कॉल कर लेना, मैं तुम्हें अपने घर का रास्ता बता दूँगा.

माँ ने उनसे पूछा- आप कब आएंगे अगली चुदाई के लिए?उन्होंने कहा- ठीक है मेरी जान, मैं जल्द ही आऊंगा. पापा ने धीरे धीरे अपना लण्ड उनकी गांड में पूरा डाला। कुछ देर हम ऐसे ही रुके रहे. अब वो मेरे सामने बिल्कुल ही नंगी हो गयी थी और मेरा लंड उसकी सांवली सी चूत में जाने के लिए फनफना रहा था.

पिता जी का लिंग अन्दर घुसते ही एक बार फिर से कमरा फुच फुच की आवाज़ों से गूंज उठा. ये मेरी बीवी की चुदाई की कहानी थी जो मेरे जीवन में एक ऐसा मोड़ ले आई थी, जिसे मैंने आज तक अपने सीने में छिपाए रखा. मुझे बेहद सनसनी होने लगी थी और मुझे ऐसा लगने लगा था कि अब मैं ज्यादा देर तक नहीं रुक पाऊंगा.

बीएफ बंगाली सेक्सी बीएफ

मैं आशा करता हूं कि आप सबको मेरे भाई की साली कीवर्जिन चूत की चुदाईपसंद आई होगी. उसका हाथ फिर सीधा मेरे शॉर्ट्स पर पहुंच गया और वो मेरे लंड को सहलाने लगी. फिर उसने मुझे दोबारा से घोड़ी बना दिया और पीछे से मेरी गांड को चाटने लगा.

उसने मेरी तरफ सवालिया निगाहों से देखा, तो मैंने आंख दबाते हुए उससे उसकी जीएफ के लिए कहा.

मेरी सच्ची हिंदी सेक्सी चुदाई कहानी में पढ़ें कि कैसे बड़े भाई ने छोटी बहन को चोदा.

फिर मैंने आंटी की गांड में भी उंगली डाली और जरा सी ही की होगी कि आंटी का पानी छूट गया. धीरे धीरे करके अंकल ने तीन बार में अपना पूरा मूसल सा लंड मेरी गांड में पेल दिया. फुल हद क्सक्सक्स वीडियोसागर ने अपनी शर्ट निकाल दी और वहीं पर टंगी अपनी शॉर्ट्स पहनकर वो वहीं सोफे पर लेट गया.

अब मेरा हाथ उसकी चूत को सहला रहा था और उसका हाथ मेरे लंड पर आ गया था. मैं भाभी की टांगों के बीच में आ गया और भाभी की चुत पर अपना लंड रखकर मैंने अपना लंड रगड़ना शुरू कर दिया. मैंने फिर देखा कि अब मेरी दीदी ने भी उस फौजी को देखा, पर वो अभी भी वैसे ही मम्मों को दिखा रही थीं.

मैंने झल्लाते हुए कहा- थोडा़ व्यस्त हूं, आप जाकर सो जाईये, मैं थोड़े देर में आती हूं. मैं भी हवशी हो गया था और अब शर्म खत्म होने लगी थी और हवस हावी हो रही थी.

उसके मम्मों का रसपान करने के बाद मैं किस करते हुए उसकी नाभि तक आ गया.

इसी लालसा के कारण शादी में भी मैं अब चारू को किसी न किसी प्रकार से अपनी ओर आकर्षित करने की कोशिश कर रहा था. उसकी चुत के दाने को दो उंगलियों में पकड़ कर मींजा, तो उसने अपनी टांगें खोल दीं. उस टाइम उनका ब्लाउज बहुत छोटा था और पीछे से काफी खुला था।सागर उनकी नंगी कमर और पीठ देख रहा था और उनकी गड्ढेदार नरम हिलती गांड को देख ही रहा था.

बीएफ दिखाइए चोदते हुए भाभी की सेक्सी कहानी में पढ़ें कि कैसे पड़ोसन ने मुझे अपनी चूची से दूध पिलाया. पहली बार मोटे लंड से चुद कर मजा ले ले … पता नहीं तेरे नसीब में किसका लंड लिखा होगा.

ट्रेन शाम सात बजे पहुंची थी स्टेशन। ट्रेन स्टेशन से खुल कर यार्ड में लग गई।मेरी नींद रात को करीब 10 बजे खुली. आगे मैं बोलता रहा- इतनी प्यारी बीवी को भला कोई कैसे असंतुष्ट देखकर रह सकता है. मैंने कहा- अब तू कुछ भी बोल लेकिन मैं तेरी गांड तो चोदकर ही रहूंगा.

बीएफ वीडियो फिल्म वीडियो में

ऐसा करने से मजा तो आ रहा था लेकिन डर भी लग रहा था।अब हवस मेरे ऊपर हावी हो चुकी थी. फिर मैंने पिता के बारे पूछा, तो पता लगा कि वो ही मौसी को लेकर गए हैं. रात भर वहीं रुककर अगले दिन सुबह ही नाश्ता करके मैं अपने शहर वापिस लौट आया।अपने घर आकर फिर वही हाल … पिछले तीन सप्ताह से मैं रोज बीवी के साथ बिस्तर में सोता था तो अब अगली 16-17 रातें अकेले काटनी कठिन काम लग रहा था।हमारे घर में सफाई करने, बरतन मांजने और कपड़े धोने के लिए एक कामवाली लगी हुई थी पिछले दो वर्ष से वही आती थी.

सागर भी उठा और उनको अपनी गोद में उठा लिया और उनके कमरे तक ले गया जहाँ उनका फ़ोन बज रहा था।फोन बेड पर पड़ा था तो मामी ने उठाया. ’दोस्तो, मेरी इस देसी नंगी भाभी सेक्स स्टोरी पर आपके मेल का इन्तजार रहेगा.

वो अम्मी से इतना घुल मिल गयी कि अपनी सारी बातें अम्मी को बताने लगी.

मैंने मन में सोच लिया कि आज भाभी के मादक हुस्न का रसपान करना ही है. कुछ देर के बाद वो पलटी तो उसकी कमर के नीचे जो रजाई दबी थी वो निकल गयी. ये सब खत्म करने के बाद हम दोनों चिपक कर बात कर ही रहे थे कि तभी दरवाजे पर दस्तक हुई.

मम्मी पापा थक गए थे, तो वे दोनों 7 बजे आराम करने के लिए अपनी बर्थ पर चले गए. उसकी बात मैंने हैरानी से पूछा- उनको आपके साथ करने में परेशानी नहीं होती?वो बोला- साली पहले से चुदवा कर आती हैं. उसने अपनी गोरी चूचियां देखी तो वे भी कश्मीरी सेब की तरह लाल हुई पड़ी थी.

सुनीता ने इस पर कहा- क्यों? ऐसा क्या प्यार?शकील ने सुनीता को कहा- मैं बचपन से यहीं रहा हूं और मेरी मामी मेरी सारी बात जानती है.

बीएफ सेक्स इंग्लिश सेक्स: कुछ देर बाद नाचना गाना खत्म हुआ, तो हम सब दूल्हे को लेकर अन्दर आ गए. दरवाजा बंद होते ही फूफा जी की आंख खुल गई, वे खड़े हुए और उन्होंने अम्मी को पकड़ लिया.

भाभी अभी भी गर्म थीं, इसलिए वो मेरे झड़े हुए लंड को भी चूसती रहीं इसका नतीजा ये निकला कि मेरा लंड फिर से खड़ा हो गया. वो मॉम के ऊपर लेटकर उनकी चूचियों को जोर जोर से दबाते हुए पी रहे थे. उसके घर पर सिर्फ उसकी माँ थी और उसकी नवविवाहिता सुंदर बीबी!एक दिन अचानक मेरे दोस्त का फ़ोन आया और कहा- यार शिवा, तेरी भाभी की तबियत खराब हो गई है, तुम उसे डॉक्टर से दवा दिलवा दो.

अब मैंने भी भाभी की टांगों को कंधे पर रखकर 5-6 जोरदार धक्के लगाए और भाभी की चूत में ही झड़ गया और भाभी के ऊपर लेट गया।दोस्तो, इससे पहले मैंने अपनी बहन के बारे में कभी ऐसा नहीं सोचा था लेकिन भाभी ने गाली दी जिससे मेरा भी मन बदल गया.

जोश जोश में मैंने उसकी चूचियों को इतनी जोर से मसल दिया कि उसकी बहुत तेज आवाज में आह्ह … निकल गयी. तभी उमेश सर ने आ कर मुझे पीछे से पकड़ लिया और वो अपने दोनों हाथों से मेरे पेट को पकड़ कर डांस में मेरा साथ देने लगे. उसने कहा कुछ नहीं बस कार के पीछे गया और पेन से कार का नम्बर नोट किया.