एक्स हिंदी बीएफ फिल्म

छवि स्रोत,उदयपुर आदिवासी सेक्सी वीडियो

तस्वीर का शीर्षक ,

यारी दोस्ती पिक्चर: एक्स हिंदी बीएफ फिल्म, इसके बाद मैंने लंड को ज़ाफिरा की चुत से निकाला और उल्फ़त के मुँह में दे दिया.

ओपन सेक्स वीडियो ओपन

धीरे धीरे मेरे मन में फिर से मौसी के लिए वासना जागने लगी जो कुछ देर पहले मौसी के गिर जाने के कारण शांत हो गयी थी. సెక్స్ ఫిలిమ్స్एक दिन मैंने हिम्मत करते हुए अपना नंबर एक कागज पर लिखकर उनके गेट के सामने फेंक दिया.

मेरी चुत ने रस छोड़ दिया, जिससे चुत को लंड का मजा मिलना शुरू हो गया. देहाती पंजाबी सेक्सीदिन भर मेरी फटी रही और शाम को जब घर पहुंचा तो पापा और चाचा आ चुके थे लेकिन उन्हें देख कर लग ही नहीं रहा था कि जैसे उन्हें कुछ पता हो।उस दिन सब पहले जैसे ही था और मैं अपने काम करता रहा.

मैं भाभी की मदमस्त जवानी को देख कर उनके जिस्म को अपना बनाने के बारे में सोचने लगा था.एक्स हिंदी बीएफ फिल्म: मैं- तो फिर आप ऐसे क्यों करती हो? यह तो गलत है ना!मौसी- बेटा, शरीर की भी कुछ जरूरत होती है। तुझे तो पता है मेरे तलाक हुए 4 साल हो गये हैं। शरीर की गर्मी निकलने के लिए यह सब करना पड़ता है.

जब मैंने कोई विरोध नहीं किया, तो वो दोनों मुझे सहलाने लगे और मुझे चुप करवाने लगे.उनके मुँह से एक सिसकारी निकली, पर तभी किसी ने दरवाजे पर दस्तक दे दी, तो मैंने मॉम को छोड़ दिया.

लहंगा चुन्नी प्राइस - एक्स हिंदी बीएफ फिल्म

उनकी गांड के नीचे तकिया लगा होने की वजह से मुझे भी ज्यादा मेहनत नहीं करनी पड़ रही थी.मैंने धीरे से मामी की चूचियों को छुआ तो मेरे बदन में करंट दौड़ गया.

मैं पहले से ही बहुत थका हुआ था, तो बिना कोई सवाल पूछे मैं सीधा पीछे बैठ गया और दरवाजा लगा दिया. एक्स हिंदी बीएफ फिल्म इसके बाद अंकल ने दीदी के नंगे जिस्म पर वे सारे गंदे ताश के पत्ते जमा दिए जिससे उनका नंगा जिस्म काफी कुछ ढक गया.

गुलाबी रंग की पैंटी में दीदी की गोरी जांघें और गुलाबी ब्रा में दीदी के गोरे गोरे बूब्स को देखकर मैं तो पागल सा हो रहा था.

एक्स हिंदी बीएफ फिल्म?

धीरे धीरे मेरी भी गति बढ़ने लगी और मैं ज़ोर ज़ोर से धक्का लगाने लगा. दिखने में वो एकदम मस्त माल थी जब उसे पहली बार देखा तो मन में आया कि उसे वहीं पटक कर चोद दूँ. मैं काफी सालों से अंतर्वासना की कहानियां पढ़ रहा हूं इसलिए मैं भी पहली बार अपनी एक सच्ची कहानी लेकर आया हूं.

मैं भाभी के जबरदस्त बड़े मम्मों को देख कर हैरान था कि वो कितने बड़े बड़े मम्मे थे. मैं उनकी बड़ी बड़ी चूचियों को दबाते हुए उनके निप्पल्स को पी रहा था. अब उमेश सर अपनी टी-शर्ट उतार कर लेट गए और उन्होंने मुझे इशारा किया.

हम घर पहुंचे … और सोनल ने मुझसे कहा- पहले तुम काजल को चोदोगे … तब तक मैं बाहर बैठूंगी … क्योंकि काजल के सामने मुझे शर्म आती है. मैंने उसको देखकर मुठ मारी और अपनी मॉम की चुदाई ख्यालों में ही कर दी. मुझे वो भाबी इतनी अच्छी सेक्सी लगी कि मैं उन्हें चोदने की जुगत में हो गया.

उसके बाद उसने वैसे ही लन्ड बहन की चूत में घुसाए हुए ही बेडरूम में लेजा कर बेड पर लिटा दिया और उसके ऊपर चढ़ गया. वो सिसकारते हुए धीरे से बोली- आह्ह … तन्मय, नीता की मारकर मन नहीं भरा क्या तुम्हारा?मैंने उसकी ओर हैरानी से देखा और मुस्कराकर बोला- ओह्ह … तो मेरी रानी पहले ही पूरी फिल्म देख चुकी है?उसने अपनी चूत पर मेरे मुंह को सटाते हुए कहा- मैं तो तभी से तुझे चाहने लगी थी जब तूने मेरे बदन को छुआ था कल। तुम दोनों की चुदाई की आवाज तो मैंने दिन में ही सुन ली थी.

फिर कुछ देर बाद वो गाड़ी से उतर गए और सामने एक वाइन शॉप से एक व्हिस्की की बोतल ले आए.

हम दौड़कर एक झोपड़ी की ओर भागे क्योंकि हम गाड़ी से काफी दूर आ गये थे.

कुछ ही पलों में मैंने उसको हल्का सा ऊपर उठाया, ताकि उसकी ब्रा भी खोल सकूं. इसमें मैंने सिर्फ पात्रों के नाम ही बदले हैं।आपको कॉलेज की लड़की की चूत चुदाई की मेरी सेक्स कहानी अच्छी या बुरी लगी, वो मुझे जरूर बताइएगा।मेरी इमेल आईडी है[emailprotected]. मैंने कहा- भाभी जी आपकी जवानी देख कर तो मेरा बाबूलाल गुस्सा होने लगा है.

मैंने उसके मुँह से लंड निकालना चाहा, मगर उसने लंड बाहर निकालने ही नहीं दिया. मगर चारू को यह नहीं पता था शायद कि मैं उसकी चूत मारने की फिराक में हूं. मैंने पूछा- मैं अपना पानी कहाँ निकालूं?तो उसने कहा- मेरी चूत में ही निकालो और इसकी प्यास बुझा दो.

मुझे अपने मुँह से सेक्सी कह देने के बाद कुछ डर सा लगने लगा कि कहीं भाभी ये बात मेरे पापा से न कह दें.

गरम भाभी सेक्स कहानी में पढ़ें कि एक शादी में सर्दी की रात में हाल में बिस्तर लगा कर सोना पडा. अम्मी ने सुनीता को गले लगाया और और गाल पर एक जोरदार चुंबन किया व कहा- मुबारक हो, यह तुम्हारी सुहागरात थी. उस साल गणित और अंग्रेज़ी में मेरी सप्लिमेंट्री आ गयी, मैं फ़ेल होते बचा.

थोड़ी देर उसकी चूत चूसने के बाद मैं अपनी एक उंगली को उसकी गांड के छेद में घुसाने लगा. भाभी ने खुद मेरा अंडरवियर मुझसे अलग किया और मेरे लंड को मुँह में ले लिया. ये बिताए हुए तीन दिन मेरी और माधवी भाभी की लाइफ के सबसे यादगार दिन थे.

देसी बहन सेक्स कहानी में पढ़ें कि मैंने अपने मामा की बेटी की चुदाई कर रहा था कि उसकी बहन ने हमें सेक्स करते देख लिया.

और उनकी सुनहरी मेहंदी लगी चूत का रस ऐसे लग रहा था जैसे शहद का तालाब हो. एक बार तो उसने मुझे रोकने की कोशिश की लेकिन मैंने उसकी गर्दन को नहीं छोड़ा.

एक्स हिंदी बीएफ फिल्म … फ़क … डीप आहहह … यसस यू आर अमेज़िंग ओह्ह … गॉड … यस … यस …दस मिनट तक उसी पोजीशन में चोदने के बाद मैंने उसे दीवार के सहारे खड़ा किया और पीछे से लंड उसकी चुत में डाल कर उसे जोर जोर से चोदने लगा. ऑफिस के अलावा हम लोग बाहर भी कॉफी वगैरह पीने के लिए चले जाया करते थे.

एक्स हिंदी बीएफ फिल्म यह कहानी मेरी पड़ोस में रहने वाली भाभी ज्योति के प्यार की चुदाई वाली है। ज्योति भाभी अपने पति और 1 साल की लड़की के साथ मेरे घर के पास वाले मकान में किराये पर रहती थी. सोनिया भाभी की शादी को 3 साल हो गए थे, पर अब तक कोई बच्चा नहीं हुआ था.

मैंने हाथ से उसकी एक चूची पकड़ कर मसली, तो वो मेरे सीने पर झुक गई और अपने मम्मे बारी बारी से मुझे चुसाने लगी.

सेक्सी व्हिडीओ हिंदी आवाज में

तभी भाबी के सामने ही मम्मी ने मुझे बुलाया और कहा कि रात को भाभी के घर पर सोने चले जाना, वो अकेली हैं घर पर. उसके मुंह से कराहटें निकल गयीं- आह्ह … अम्म … चोदो अब … ओह्ह … चोद दो मेरी चूत को. अब तो हर हफ्ते वो बाइक पर मेरे साथ बैठती, उसके चुचे मेरी पीठ से लगते और मुझे मज़ा आता था.

आंटी- ओह्ह किशु … तेरा लंड तो बहुत मोटा और लम्बा है … आग लग रही है … मैं तड़प रही हूँ … मेरी चुत इस कड़क लंड के लिए मचल रही है मेरा बेबी … जल्दी से आ जा. मैं एक बार टॉयलेट चला गया और वापस आकर फिर सेदीदी की चुदाई का मजालेने लगा. मैं तुम्हें ये सोच कर बख्श रहा हूं कि कभी हम इतने गहरे दोस्त हुआ करते थे, अगर तुम्हारे स्थान पर कोई और शख्स होता तो तुम सोच भी नहीं सकते हो कि मैं क्या कर बैठता.

उसने अपने दोनों हाथों में मेरी चूचियों को भर लिया और ब्लाउज के ऊपर से ही उन्हें गूंथने सा लगा.

मैंने उससे दोस्ती करके अपनी गर्लफ्रेंड बना कर उसकी चूत और गांड दोनों को कैसे चोदा?अन्तर्वासना सेक्स स्टोरीज के सभी पढ़ने वालों को मेरा नमस्कार!प्रिय मित्रो और सभी सेक्सी आंटी, लड़कियो भाभियो!अन्तर्वासना पर यह मेरी पहली सेक्स स्टोरी है, अगर कोई गलती हो तो मुझे माफ़ कर दें।मेरा नाम नीलेश है. शकील का चेहरा चमकने लगा और उसने अम्मी से कहा- तो अच्छी बात है … नेकी और पूछ पूछ. मैंने आरुषि का मोबाइल चैक किया तो मुझे समझ में आ गया कि वो अपने पति से झगड़ा करके यहां आयी है और शायद इसी लिए वो मुझे कुछ बता नहीं रही थी.

अगले भाग में है कि मैंने अपनी गर्लफ्रेंड के साथसुहागरात कैसे मनायी. क्या हम दोनों भी यहां पर रुक सकते हैं?मैंने मुस्कराते हुए कहा- मैंने इस जगह की रजिस्ट्री थोड़ी न करवाई है, जैसे आप लोग यहां पर शेल्टर के लिए आये हो मैं भी आ गया था. मैंने अभी सिर्फ दो मिनट तक चूत को चूसा था कि भाभी का शरीर अकड़ने लगा और भाभी गांड उठाते हुए झड़ गयी.

इसके बाद अंकल ने दीदी के नंगे जिस्म पर वे सारे गंदे ताश के पत्ते जमा दिए जिससे उनका नंगा जिस्म काफी कुछ ढक गया. फिर मैं बोला- फिक्र ना करो सासु माँ, इतना मस्त चोदूंगा कि आपको मजे ही मजे आयेंगे।इस पर वो सिर्फ इतना बोली- आह, मेरे प्यारे दामाद जी!मैं अपनी सास को लगातार करीब 20 मिनट तक चोदता रहा!और वो भी मज़े से चुद रही थी!उनका दो बार निकल चुका था।जब हम चुदाई कर के अलग हुये तो मैंने कहा- वाह, मजा आ गया आज तो!तो वो बोली- दामाद जी, आज आपने मेरी बरसों की आग को शान्त किया है.

उसने मेरे लंड को पूरा मुंह में भर लिया और उस पर अपने दांत गड़ाने लगी. ”अवनीत उठी, उसने कमरे का दरवाजा बंद किया और अपना सलवार सूट उतार दिया, अब वो ब्रा और पैन्टी में थी. सामने जब एक कमसिन जवानी हो और उसकी टाइट चूत में लंड घुस चुका हो तो फिर भला कैसे खुद को रोक सकता है कोई.

लड़की करीब 20-22 साल की थी। कटीला बदन, बड़ी-बड़ी चूची, लंबे बाल, देखने में एकदम से सेक्सी लग रही थी।Train Me Sex Storyजैसे ही आदमी ने उस लड़की की शर्ट खोली तो शर्ट खोलने के साथ ही उस लड़की के बूब्स दिखायी दिये.

इस मजबूरी के चलते हम दोनों रोज़ फ़ोन सेक्स करके अपना अपना माल निकाल लेते थे, लेकिन पूर्ण रूप से संतुष्ट नहीं हो पाते थे. निशा भाभी- क्यों क्या करना है!मैं- मैं आपका हाथ पकड़ कर गियर डालना सिखाता हूँ. वह अपनी गांड को पीछे की तरफ धकेलती हुई धक्के मार मार कर मेरा साथ दे रही थी.

राजीव ने हंसते हुए कहा- साली साहिबा, आज बहुत दिनों बाद कोई टाईट चूत चोदने को मिली है. कुछ देर इंतजार करने के बाद मैं वापिस घर आने लगा, तो वो मुझे अपने घर की बालकनी में नज़र आई.

उसके जाने के बाद मैंने अन्तर्वासना की साईट खोली और भाई बहन की चुदाई की कहानी खोल कर पढ़ने लगी. अब वो बोली- राज फ़ाड़ दे मेरी … आहह आहह आहह ऊईई ऊईई आहह … आज राखी तेरी है आहह आहह!मैं तेज तेज झटके मारने लगा।तभी उसकी चूत ने पानी छोड़ दिया. मैंने अपनी जीभ उसकी चूत के अन्दर भर दी और उसके रस का आनन्द लेने लगा.

सेक्सी फिल्म बीपी गुजराती

अब चिकनाई की वजह से मेरा लंड सरलता से अन्दर बाहर हो रहा था और पूरे रूम में फच फच की आवाज आ रही थीं.

मुझे इतना मजा आ रहा था कि मेरी वासना ने मेरे संस्कारों पर विजय प्राप्त कर ली थी. मैंने अपने कपड़े पहने और इंस्पेक्टर से पूछा- मेरे बेटे के लिए क्या कहते हो?उसने बोला- अब आप निश्चिंत हो कर जाइए … अब आपके बेटे को कुछ नहीं होगा … लेकिन बस इसी तरह मेरा ख्याल रखती रहिएगा. मैंने सोचा कि कुछ करना पड़ेगा वर्ना ये मुझे सोने नहीं देगी। मैंने उनकी रजाई को देखा तो वो लगभग सीने तक ओढ़ी हुई थी.

उसके बाद मैंने अपनी आंखों से मेरी बुर चुदाई करने का इशारा किया तो वे अपना लंड मेरी चूत में डालने लगे. यह अफवाह मैंने आसपड़ोस से सुनी थी लेकिन जब उसने अम्मी को बताया तो मुझे यकीन हो गया. अंग्रेज अंग्रेजों की सेक्सी फिल्ममैं चाबी के छेद से देख रहा था, अंकल माँ के साथ आ रहे थे और कह रहे थे- आज तुम्हारा बेटा जल्दी तो नहीं आएगा?माँ ने कहा- नहीं।वह आदमी आज उत्साहित था, वह माँ के दूध दबा रहा था।माँ ने उससे पूछा- क्या आप पानी पिएंगे?वह कहने लगा- मैं आपके दूध का प्यासा हूँ, मुझे पिछले एक हफ्ते से आपको चोदने का मौका नहीं मिला.

भाभी ने अपने पल्लू को जरा इधर उधर करते हुए मम्मों की झलक दिखाई और बोलीं- अच्छा … मैं इतनी अच्छी लगती हूँ तुम्हें?मैंने भी उनके मम्मों को निहारा और कहा- हां मुझे तो आप जब से आई हो, तभी से ही अच्छी लगती हो … पर आप शादीशुदा हो तो आपसे कैसे कुछ सकता था. यह सोच कर मैंने कुर्सी की फोम निकाली और उसमें आग लगाकर खुद को सेंकने लगा.

आप अपने विचार मेरी ईमेल आईडी पर मुझे भेजें, ताकि मैं अगली रियल सेक्स स्टोरी आपके लिए और मस्त तरीके से लिख कर ला सकूं. अब उनके पास एक ही विकल्प था या तो शकील से बहाना बनाएं या शकील से चुदवाकर उसे जल्दी सुला दें और फिर बाद में फूफा से चुदाई करवा लें. एक ही झटके में लौड़ा उसकी चूत में उतर गया और उसके चेहरे पर संतुष्टि सी आ गयी.

वो ये बात सुनकर हंसने लगी और बोली- पागल है क्या? शिल्पी कभी नहीं मानेगी इस बात के लिए।मैंने कहा- यार, तू थोड़ा उसके साथ बात को छेड़कर तो देख, मुझे तो लगता है कि उसके मन में भी कुछ है. मैं- आह भाभियो … आप दोनों क्या मस्त गांड वाली माल हो … मेरा तो जी कर रहा है … दिन रात आप दोनों के साथ ऐसे ही पड़ा रहूं. लेकिन जब से तुमसे भेंट हुई है, तुमने मेरी सारी चिंता ही दूर कर दी है.

अब तक भाभी की चुदाई की मेरी इस सेक्स स्टोरी के पहले भागअनजान भाभी की चुदाई उसी के घर में-1में आपने पढ़ा कि एक अनजान विवाहित महिला कुसुम के साथ मेरे शारीरिक हरकतें रंग लाने लगी थीं.

क्या अपना लंड एक साथ दोनों की में घुसा दोगे?मैं- मैं पहले सुमन भाभी की गांड मारूंगा. मैं जानबूझकर सागर के आगे चल रही थी जिससे वो भीड़ में मेरे ही साथ ही घुसे.

हम दोनों दोस्त अमित और मैं भी वहां उस प्रोग्राम में थे और संदीप ने बारी बारी से मेरा और अमित का परिचय चारू से कराया था. पहली चुदाई बहुत मजा आया … सच में!उसके बाद हम दोनों चिपक कर सो गये सुबह चार बजे का अलार्म लगाकर क्योंकि सुबह अपनी अपनी रजाई में जाना था. दोस्तो, आपको मेरी ये टीचर की चुदाई की कहानी कैसी लगी, कमेंट में जरूर बताएं और आगे की सेक्स कहानी के लिए भी मैं कोशिश करूंगा कि आपको लिखूं कि मैंने मैम के अलावा और कौन कौन सी लड़कियों को भी चुदाई का मजा दिया.

उसमें से एक सपना के दूर के चाचा थे, जिन्होंने मुझे ताड़ना शुरू कर दिया. मगर शर्म के कारण मैंने उनका हाथ झटक दिया और अपने दोनों हाथों से अपनी चड्डी छुपाने लगी।उस समय मैं 55 किलो की थी मगर जीजा ने एक झटके में मुझे अपनी गोद में उठा लिया। उनकी मजबूत बांहों में मैं किसी गुड़िया की तरह थी।उन्होंने मुझे बिस्तर पर लिटा दिया और तुरंत मेरे ऊपर आ गए और मेरे गालों, होंठों को चूमने लगे. थोड़ी देर बाद मॉम अपनी गांड को मलने लगीं और ये सीन देख कर मैं अपने हाथ की स्पीड बढ़ा रहा था.

एक्स हिंदी बीएफ फिल्म उसके मम्में काफी बड़े थे और गांड देख कर तो लंड एकदम से तन कर खड़ा हो जाता था. इधर मैं उसकी चूची पर अपने हाथ से रगड़ रहा था और उसे अपनी तरफ खींचकर चूम रहा था.

जिवी चावला बूब्स चूत

सीने को चूमने के बाद मम्मी मेरे बायें और दायें निप्पल को मुंह में लेकर चूसने लगी। उसके बाद वो मेरे सामने घुटनों के बल पर बैठ गई और मेरे लोवर और अंडरवियर को मेरे पैरों में से निकाल कर मुझे पूरा नंगा कर दिया।फिर मेरे दोस्त की मम्मी मेरे लन्ड को अपने मुंह में लेकर चूसने लगी।कुछ देर मेरा लन्ड चूसने के बाद उन्होंने अपनी पैंटी उतारी और सोफे पर बैठ गयी. मैंने देर ना लगाते हुए धीरे से लंड का टोपा आंटी की चुत में डाल दिया और धक्के मारने शुरू कर दिए. उस लड़के ने लड़की की चड्डी भी उतार दी और उसकी बुर चाटने लगा।चूत चटवाते हुए वो लड़की मस्त होती जा रही थी.

फिर अमित और मैंने उसके टेबल का सारा सामान ठीक से जमा दिया।अब अमित ने पापा का भी काम कर दिया और मेरे जाने का समय भी होने लगा. वो चिल्लाने लगी- ऊईई ऊईई ऊईई मर गई बचाओ बचाओ!भाभी चिल्लाती रही और मैं उसकी क़मर पकड़कर चोदने लगा. अंग्रेजी सेक्सी वीडियो अंग्रेजी सेक्सीएक दिन प्रिया भाभी प्रेग्नेंट हो गयी और फिर उसके बाद हम दोनों ने सेक्स करना बंद कर दिया.

… तुम ऊपर आ जाओ!फिर मैं नंगी भाभी के ऊपर आ गया और भाभी बिस्तर पर लेटी थी.

उसके बूब्स भी बहुत छोटे छोटे नींबू के समान हैं … लेकिन देखने में वो किसी हीरोइन से कम नहीं लगती है. मॉम की टांग को अपने हाथ में उठाकर वो जोर जोर से चूत में लंड को पेलने लगे.

मैं पूरी रात करवट बदलता रहा और सोचता रहा कि मैंने ऐसा कैसे कर दिया. मुझे देख कर नंगी पड़ी माधवी भाभी ने एक कामुक अंगड़ाई ली और मुझे गले लगा कर किस किया. मैं भाभी के जबरदस्त बड़े मम्मों को देख कर हैरान था कि वो कितने बड़े बड़े मम्मे थे.

तभी अचानक से मेरे कानों में आवाज आयी- देखते ही रहोगे या बैठने को भी बोलोगे.

मैंने आगे कहा- चूत मरा कर आ रही हूं मगर डरो मत, ब्लू फिल्म नहीं बनवाई है मैंने!मां के तेवर एकदम बदल गये,मुझे प्यार से सहलाते हुए बोली- सुन न रानी बेटी, अभी तो उम्र है चूत मरवाने की, जितनी मर्जी चुदवानी है चुदवा ले मेरी लाडो. मैंने कपड़े उतारे और अपना खड़ा लंड हिलाते हुए भाभी से लंड चूसने को कहा. वो दोनों हांफ रही थीं, पर ऐसा लग रहा था कि दवाई की वजह से वो और चुदना चाहती थीं.

हिंदी सेक्सी व्हिडिओ हिंदी सेक्सीअब आप लोगों का ज्यादा समय नष्ट ना करते हुए सीधे अपनी कहानी पर आता हूं।बात आज से करीब 8 साल पहले की है मैं एक रिश्तेदार की शादी में गया था. तो काजल ने तुरंत कहा- मैं, सोनल, प्रेम हम तीनों सोनल के घर पर साथ में सो जाते हैं.

हिंदी रोमांटिक फिल्म

आशा है आपको मेरी काल्पनिक सेक्स कहानी यानि फैंटेसी स्टोरी पसंद आई होगी. इसी के साथ मैं धीरे धीरे एक हाथ नीचे ले जाकर उसकी पैंटी के ऊपर से ही उसकी फुद्दी को सहलाने लगा. मैं उनको जगह जगह किस करने लगा और अपने हाथ पीछे ले जाकर उनकी ब्रा का हुक खोलने की कोशिश करने लगा लेकिन वो मुझसे खुल नहीं रहा था.

मैं बोला- वो तो अब होगा नहीं, मगर जल्दी करो जो करना है।फिर उसने मुझे बेड पर लिटा दिया और दूसरे कमरे में चली गयी. मेरी मां ने अपना पेटीकोट निकाल दिया और वो सिर्फ कच्छी में ही लेट गईं. फिर मेरा हाथ उसकी चूत पर चला गया और मैं अपनी बहन की चूत मसलने लगा और उंगली करने लगा.

मेरी चुदक्कड़ बहन उसका चेहरा देख कर मुस्कुरा रही थी और सौरभ लगातार झटके मार रहा था. तभी मैंने एक जोरदार झटके के साथ अपना पूरा लंड भाभी की चुत में ठेल दिया. पहले मुझे ये सब नॉर्मल लगता था लेकिन उम्र बढ़ने साथ साथ मुझे अब धीरे धीरे शक होने लगा था.

उन्होंने पूछा- तुम कितने बजे कॉलेज आती हो रोज?मैंने उन्हें अपने कॉलेज की टाइमिंग बताई तो वो कहने लगे- मेरा भी उसी वक्त अपने बैंक जाना होता है. अब मैं अगले चरण का इंतज़ाम करने लगा, उसकी पैंटी खोल कर उसको नंगी कर दिया और उसकी टांगों को फैला कर उसकी बुर में जीभ डाल कर पूरी बुर चाटने लगा.

मैंने भी बहुत कोशिश की, मगर जब वो नहीं मानी, तो मैंने भी उससे बोलना बंद कर दिया.

लड़की के मुंह से तेज तेज आवाजें निकल रही थीं- आह्ह … ओह्ह … और तेज … आई … याह … चोदो, मेरी चूत को फाड़ दो तुम… जल्दी।अब मैंने उसकी चूत को चोदने की स्पीड को बढ़ा दिया था. सेकसी हिनदी फिलमइसमें मामी सागर से ज़्यादा उत्तेजना से उसका साथ दे रही थी।उसने उनके रस भरे दोनों जोबन को खूब चूसा. मंगल सेक्स वीडियोफिर दो दिन बाद हमारी मैसेज पर बात होने लगी और हम अच्छे दोस्त बन गए. धीरे धीरे वह भी मजे की समंदर में गोते लगाने लगी, उसकी सिसकारियां तेज़ होने लगी.

मैं अन्तर्वासना का नियमित पाठक हूं और बहुत दिनों से चाहता था कि मैं भी अपनी सेक्स कहानी आप सब लोगों के साथ साझा करूं.

कुछ मिनट के बाद उसने अपनी बुर से पानी छोड़ दिया और मैंने सारा पानी पी लिया. फूफा जी ने चिकने चूतड़ महसूस करते ही कहा- लगता है तुम्हें गांड मराने में मजा आने लगा है. उन्होंने ने कहा- मेरा आने वाला है कहां निकालूँ?मैंने कहा- जीजा जी, मेरे अंदर ही निकालो.

फिर तीन दिन बाद जब मम्मी पापा के जाने के बाद मैं जब नहाने गया, तो रिंकी खुद को मुझसे दूर नहीं रख पायी. मैंने थोड़ा और सोचा और कहा- हमें राजा ही बनना है ना … तो क्यों न नंगे ही राजा बनें? अगर तुम्हें कोई प्रॉब्लम ना हो तो हम सिर्फ गहने पहन कर हम ये कर सकते हैं. पहले तो मेरी बीवी ने राजीव को अपने पास देखा तो बहुत डर गई और वो सकते में आ गई.

इंडियन सेक्सी वीडियो भेजिए

प्रशांत- रुको यार … मुझे प्यास लगी है … तुम यहीं पेशाब करो और मेरी प्यास बुझाओ. मुझे आपकी राय का इंतजार है ताकि मैं आप लोगों के लिए और भी बेहतर कहानियां पेश कर सकूं. उस रात को भी उसके साथ रात भर चुत चुदाई का मजा लिया और अगले दिन सुबह हम दोनों वापिस आ गए.

उसने अपने दोनों पैरों से मेरी कमर को जोर से पकड़ लिया और अपने होटों को जीभ से चाटने लगी और मुख से सेक्सी आवाज़ में आहें भरने लगी.

मगर मुझसे रुका नहीं गया और मैंने दीदी की चूत पर हाथ रख कर अपने लंड की मुठ मारी और मेरा पानी तभी निकल गया.

उसका रास्ता और हमारा रास्ता बहुत अलग था।लेकिन वह अकेली थी तो उसने कहा- तुम आओ और अपना पर्स ले जाओ. हालांकि मेरी तरफ से इतना सब कुछ नहीं था लेकिन वो जैसे मुझ पर जान छिड़कता था. बालवीर का व्हाट्सएप नंबरवो मेरे हाथ को अपनी चूत पर जोर से दबा रही थी ताकि मेरी उंगली उसकी चूत में और ज्यादा मजा दे.

क्योंकि जो पिछले 15- 20 मिनट में जो हम कर रहे थे वो माँ बेटे के बीच सामान्यतः नहीं होता है।माँ चौंक गयी थी. वो सुन कर आंखें बड़ी करते हुए हैरानी सी जाहिर करती हुई बोलीं- अरे वाह सर … आपकी तारीफ़ सुनकर तो मेरी मेहनत सफल हो गई. जितना फोटो में सोच रहा था उससे कहीं ज्यादा भयंकर … वो पूरा फनफना रहा था.

मुझे अपनी टांगों के बीच बैठा पाकर वो थोड़ा शर्माई, सकुचाई और फिर अपनी दोनों टांगों को मेरे लिए खोल दिया. एक दिन शाम को जब मैं ऑफिस से आया, तो मुझे अपनी सीढ़ियों से प्रिया को उतरते देखा.

सागर अपना हाथ मम्मी की गांड पर रख कर नाइटी की ऊपर से सहलाने, दबाने और मारने लगा।सुधा कुछ देर सागर के होंठ चूसने के बाद दूसरी तरफ मुंह करके 69 की पोजीशन में लेट गयी और सागर का लन्ड उसकी शर्ट्स के ऊपर से ही मसलने और चूसने लगी।सागर भी उनकी गांड से नाइटी उठा कर उसने अपनी उंगलियों पर थूक लगा कर उसमें उंगली करने लगा.

सुनीता को यह बात पता थी जिसकी वजह से वह सीधी उनके राइट साइड आके लेट गयी. शिल्पी के जाने के बाद नीता ने मेरा लंड चूसा क्योंकि नीता और मैं पहले से ही कई बार सेक्स संबंध बना चुके थे।अब आगे की गर्लफ्रेंड सिस्टर सेक्स कहानी:उस दिन फिर हमने साथ में खाना खाया और सो गये. इसलिए मैंने इधर उधर देखा तो मुझे अपने कमरे में से कॉमन दरवाजे से अन्दर देखना ठीक लगा.

सेक्सी पिक्चर हिंदुस्तानी यहां पर कैसे बैठ सकते हैं, कोई गलत समझेगा।मैंने कहा- कोई बात नहीं, यहां झाड़ियों में कहीं बैठ कर आराम से बात करते हैं. वो बोली- ठीक है, जल्दी से नहाकर बाहर आ जा और दोबारा से मत गिर जाना.

आज से आप ऊपर वाले कमरे में अकेली सो जाना और फिर फोन पर जीजू से बात करके मजा लेना. वो बहुत ही अच्छा लड़का है और सब से बड़ी बात, वो हम सबकी इज़्ज़त करता है. तनिष्क- हाँ वो तो है … मैंने बहुत सी लड़कियों को चोदा, लेकिन जितना मज़ा आपको चोदने में आया … और किसी को नहीं आया.

राशि खन्ना xxx

मैंने उससे पूछा- कैसा लग रहा है?वो बोली- मजे लूट रही हूँ … मैं तीन बार निकल चुकी हूँ. मकानमालिक की बेटी से मेरी दोस्ती हो गयी थी लेकिन बात आगे नहीं बढ़ी थी. कुछ ही पलों में मैंने सुमन भाभी की गांड में पूरा लंड पेवस्त कर दिया.

बेड पर लेटकर मुझसे बोली- भोसड़ी के … आ और अपने लन्ड से मेरे भोसड़े की खुजली मिटा।मैंने उनसे कहा- आप गाली क्यों दे रही हो?तो वी बोली- गाली देकर चुदने में मुझे मज़ा आता है. तो दोस्तो, ये थी मेरी और मेरी बहन युविका के चुदाई के सफर की कहानी। आप इस कहानी के बारे में क्या सोचते हैं ये कमेंट करके जरूर बताइयेगा।धन्यवाद।[emailprotected]चुदाई के सफर की कहानी से आगे की कहानी:लॉकडाउन में फिर से दीदी को चोदा- 1.

जैसे जैसे हम बड़े हो रहे थे वैसे वैसे हमारी बातचीत भी थोड़ी कम ही होती जा रही थी.

मेरी उम्र 23 साल है और मेरे लंड का साइज 7 इंच है, जो किसी भी लड़की को खुश करने के लिए काफी है. तो चलिए आते हैं सीधा मेरी कहानी ‘ट्रक ड्राईवर की बीवी की चुदाई’ पर. मेरी नजर उसकी मोटी गांड और मोटी मोटी चूचियों को ताड़ने में ही लगी रहती थी.

मैं भाभी की चूची एक हाथ से दबा रहा था और दूसरी को मुंह में लेकर चूस रहा था. अब मुझसे कण्ट्रोल नहीं हो रहा था तो मैं उठ कर चाची के बेड के पास गया. फिर उसने मेरे लंड को मुंह में लेकर चूसा और एक बार फिर मेरे लंड का पानी मेरे मुंह में गिरवा लिया.

तब भी आप सब ये भी जानते हैं कि यदि आप किसी चीज को शिद्दत से पाना चाहें, तो जर्रा जर्रा उसे आपसे मिलवाने में लग जाती है.

एक्स हिंदी बीएफ फिल्म: दोस्तो, यह यंग लड़की की चुदाई स्टोरी आपको पसंद आई या नहीं? आप मुझे मेल करना ना भूलें ताकि मैं आगे अपने साथ घटी अन्य घटनाओं को सेक्स कहानी के रूप में लिख कर बता सकूं. उसे समझ नहीं आ रहा था कि वो मेरा लौड़ा चूसने का आनन्द ले या फिर उंगली से चोदन का मजा ले.

वो दूसरे कमरे में सो रहा था तो मैं अपनी बीवी की चूत चुदाई करने लगा. दोस्तो, मैं कसम खाकर कहता हूँ कि मैंने इससे पहले इतना मज़ा कभी नहीं लिया. सुबह मुझे पता नहीं कब होश आता इसलिए मैंने रिस्क लेना ठीक नहीं समझा.

कभी सुमन भाभी मेरी गोद में बैठ कर मुझे अपनी चूचियों पर सब्जी लगा कर खिलातीं … तो कभी शोभा भाभी मेरी गोद में बैठ कर मुझे अपनी जांघ पर कौर रख कर खिलाती थीं.

फिर मैंने अपने दोनों हाथ उसकी गांड के नीचे डालकर उसकी कमर को उठा लिया और अपनी जीभ से उसकी चूत को चोदने लगा. ज़ोहरा कुछ समझ पाती, उससे पहले मेरा लंड ज़ोहरा आपा की चूत को फाड़ कर 3 इंच तक अंदर घुस चुका था. उसने मुझे भाईजान कहा, तो मुझे याद आया कि वह मेरी बहन लगती थी और मैं उसको चोदने की सोच रहा था.